गली-कूचा
सृजन,भाषा एवं लोक संदेश वाहक
Pages
Home
Mock Test series मॉक टेस्ट
नौकरी संबंधित जानकारी JOB NOTIFICATION
🌟 Tutor Registration and Finder Portal
PREVIOUS PAPERS
TRANSLATION PRACTICE अनुवाद अभ्यास
IGNOU COURSES INFORMATION BOARD
TRANSLATED SAMPLES FOR TRAINING PURPOSE
मंगलवार, 25 अगस्त 2015
रूठी जवानी याद आ गई
रूठी जवानी याद आ गई
,
क्या हम थे
,
क्या तुम थे
,
क्या गाल थे
,
क्या बाल थे
,
सबकुछ तो है नया नया पर
ना जाने वो कालीमा कहाँ खो गई
,
मुसकुराते बालो की लड़ी रूठकर
,
वीराना कर गई
,
हम दोनों को पूरे सिर से
गंजा कर गई ।
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें
आपकी टिप्पणी के लिये आभार।हम शीघ्र ही आपसे जुड़ेंगे।
नई पोस्ट
पुरानी पोस्ट
मुख्यपृष्ठ
सदस्यता लें
टिप्पणियाँ भेजें (Atom)
कोई टिप्पणी नहीं:
एक टिप्पणी भेजें
आपकी टिप्पणी के लिये आभार।हम शीघ्र ही आपसे जुड़ेंगे।